बिलासपुर। शहर के साइंस कॉलेज मैदान सरकंडा में शुक्रवार शाम बीएनआई व्यापार और उद्योग मेला 2025 का भव्य शुभारंभ हुआ। इस आयोजन में प्रदेश के डिप्टी सीएम अरुण साव ने मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होकर मेले का उद्घाटन किया। उन्होंने अपने संबोधन में बीएनआई टीम की प्रशंसा करते हुए कहा, “जिस प्रकार बीएनआई का परिवार तेजी से बढ़ा है और आपने इस मेले के आयोजन में जो मेहनत की है, वह काबिले-तारीफ है। प्रदेश की उद्योग नीति को पूरे देश में सराहना मिल रही है और इसका सीधा लाभ बिलासपुर को भी मिलेगा।”
विशिष्ट अतिथि के रूप में धरमलाल कौशिक (बिल्हा), धरमजीत सिंह (तखतपुर) और सुशांत शुक्ला (बेलतरा) ने भी इस आयोजन में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। बीएनआई बिलासपुर व्यापार मेला समिति के अध्यक्ष डॉ. किरणपाल सिंह चावला, संयोजक गणेश अग्रवाल, सह संयोजक राजीव अग्रवाल, डॉ. सचिन यादव, विनोद पांडेय समेत कई पदाधिकारियों ने अतिथियों का पुष्पगुच्छ देकर स्वागत किया।

डिप्टी सीएम अरुण साव ने आगे कहा कि बिलासपुर में इस प्रकार के आयोजनों से छत्तीसगढ़ को नई पहचान मिल रही है। इस मेले के माध्यम से उद्योगपतियों और स्थानीय व्यापारियों को एक साझा मंच मिल रहा है। कार्यक्रम की शुरुआत गणेश वंदना, सरस्वती वंदना और स्वागत गीत से हुई।
मेले की खास बातें:
- इस पांच दिवसीय मेले में 400 से ज्यादा स्टॉल लगाए गए हैं, जिसमें एसईसीएल, अपोलो हॉस्पिटल, हीरो होंडा, रिनॉल्ड, फूड जोन जैसी बड़ी कंपनियां शामिल हैं।
- फूड जोन में 37+ स्टॉल्स हैं, जिनमें केसरिया स्वीट्स, डोमिनोज़, और कोर्टयार्ड मैरियट पहली बार भाग ले रहे हैं।
- मनोरंजन के लिए झूले, मैजिक शो और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी व्यवस्था की गई है।
- इस बार हाईटेक सुविधाओं के साथ बीएनआई व्यापार मेला ने एक नई मिसाल पेश की है। मेले से जुड़ी सभी जानकारी दर्शक बीएनआई के एप (betainda.in) के माध्यम से प्राप्त कर सकते हैं।
सम्मान और समाज सेवा:
मेले के दौरान शहर की 11 विभूतियों को उनके लाइफटाइम सेवा कार्यों के लिए सम्मानित किया गया। इनमें शामिल हैं:
- डॉ. गोपाल राव (पुरातत्व साहित्य)
- सुब्रत बेनर्जी (गणित शिक्षक)
- सी रामकृष्ण राव (सेवानिवृत्त भौतिक शास्त्र शिक्षक)
- मातृ छाया संस्था (अनाथ बच्चों की सेवा)
- शशि आहूजा (समाजसेवा)
- लक्ष्मी नारायण अग्रवाल (मिलेट और गौ सेवा)
- अलेक्जेंडर पाल (सीनियर पास्टर)
- डॉ. एसके तिवारी (वरिष्ठ चिकित्सक)
- महेंद्र प्रताप सिंह राणा (पूर्व सैनिक)
- स्वाति आनंद (बालिका शिक्षा में योगदान)।
मनोरंजन और प्रमुख आकर्षण:
मेले के उद्घाटन समारोह में भरथरी और पंडवानी लोक नृत्य के प्रदर्शन ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। आदिति श्री देवांगन द्वारा प्रस्तुत नृत्य भी खास आकर्षण रहा।
- 13 शहीदों के परिवारों का सम्मान कार्यक्रम।
- साइंस एग्जीबिशन में स्कूली बच्चों के लिए विशेष पुरस्कार।
- ग्लैमोरा फैशन शो और मिस्टर-मिसेज कॉम्पिटिशन।
- जादूगर ए. लाल का जादू शो।
- रात्रि कवि सम्मेलन।
समाज सेवा और रोजगार:
मेले में ब्लड डोनेशन कैंप का आयोजन आशीर्वाद ब्लड बैंक के सहयोग से किया जा रहा है। इसके साथ ही युवाओं के लिए रोजगार मेले का आयोजन भी किया गया है, जिसमें 26 संस्थाओं ने अब तक 181 वैकेंसीज़ की घोषणा की है।
सुरक्षा और सुविधाएं:
मेले में 100+ सीसीटीवी कैमरे, विशाल पार्किंग, और अलग-अलग एंट्री व एक्ज़िट गेट की व्यवस्था है। यह मेला 14 जनवरी तक जारी रहेगा और इसे मिनी भारत के रूप में देखा जा रहा है।
निष्कर्ष:
बीएनआई व्यापार मेला केवल व्यापार और उद्योग का मंच नहीं है, बल्कि समाज सेवा और सांस्कृतिक एकता का प्रतीक है। यह आयोजन न केवल बिलासपुर बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ को गौरवान्वित कर रहा है।



